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आदमी पार्टी 'आप' की "लाइट कैमरा एक्शन" की गंदी राजनीति की भेंट चढ़ गया राजस्थान के दौसा जिले का किसान गजेंद्र : अभिमन्यु गुलाटी


नई दिल्ली : पीपुल्स राइट्स फ्रंट (P.R.F.) के प्रमुख अभिमन्यु गुलाटी ने कल नई
दिल्ली के जंतर-मंतर पर भूमि अधिग्रहण के मुद्दे पर आयोजित आम आदमी पार्टी की  रैली में राजस्थान के दौसा जिले के एक चिर-परिचित किसान गजेंद्र द्वारा फाँसी लगाकर आत्म ह्त्या कर लेनी की घटना पर गजेंद्र के परिवारवालों के प्रति संवेदना प्रकट करते हुए दिल्ली की केजरीवाल सरकार की कटु आलोचना करते हुए इस घटना को अपनी आँखों के सामने होते हुए देखने के बावजूद किसानो के पक्ष में घड़ियाली आँसू बहाने वाले दिल्ली के मुख्यमंत्री और आम आदमी पार्टी के संयोजक अरविंद केजरीवाल के अविलंब इस्तीफे की मांग की है। 
आज अपने कार्यालय से प्रेस सहित सोशल मीडिया पर जारी अपने एक बयान में अभिमन्यु गुलाटी ने कहा कि दौसा के किसान गजेंद्र ने आत्महत्या नहीं की … उसे इस काम के लिए उकसाया गया। 
गुलाटी ने आरोप लगाते हुए कहा कि अपनी " लाइट कैमरा एक्शन " की राजनीति के माहिर खिलाड़ी अरविंद केजरीवाल और उनकी पूरी टीम इस दुःखद घटना के लिए जिम्मेदार है। उन्होंने कहा कि कल की घटना ने केजरीवाल के चहरे से एकबार फिर नकाब हटा दिया है ये वही केजरीवाल हैं जिन्होंने दिल्ली के रामलीला मैदान में भ्रष्टाचार के विरुद्ध आमरण अनशन कर युवाओं में अलख जगा रहे अण्णा हज़ारे की आमरण अनशन के दौरान मृत्यु की स्क्रिप्ट लिख दी थी और उसके बाद की अपनी राजनीतिक महत्वाकांक्षा को पूरा करने का रोड मैप तैयार कर लिया था। 
गुलाटी ने कहा कि ऐसा नहीं है कि इस सारे खेल को खुद केजरीवाल ही मैनेज कर रहे हैं इस खेल में सबसे बड़ी मुख्य भूमिका देश के आकाश - पाताल- जमीन सहित हवा को बेच देने वाली कांग्रेस की है। 

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